छात्र की गोली मार कर हत्या, आरोपी गिरफ्तार

  • ग्राम प्रधान के साथ काम करना पड़ा महंगा
  • पहले आरोपी करते थे प्रधान का काम

लखनऊ। राजधानी के महिलाबाद इलाके में प्रधान के साथ काम करना 12वीं के छात्र के लिए उस समय महंगा पड़ गया जब पड़ोसी ने सोते समय गोली मार दी। गोली लगते ही छात्र की मौके पर मौत हो गई। बगल में सो रहे छोटे भाई के चिल्लाने के बाद हमलावर फरार हो गए। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने मृतक के परिजनों की तहरीर पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

ग्राम खण्डसा थाना मलिहाबाद निवासी होमगार्ड रमाकांत यादव का बेटा पवन कुमार यादव (18) चन्द्रशेखर आजाद इण्टर कालेज गहदो में 12वीं की पढ़ाई कर रहा था। पवन के पिता रहीमाबाद चौकी पर होमगार्ड की ड्यूटी करते हैं। रमाकांत ने पुलिस को बताया कि बीती रात उनका बेटा पवन कुमार यादव, छोटे भाई विशाल के साथ घर के बाहर चारपाई पर सो रहा था। रात करीब 2 से 3 के बीच पड़ोसी रामकुमार व कैलाश आए और सोते समय पवन की कनपटी से तमंचा सटाकर गोली मार दी। गोली की आवाज सुनकर बगल सो रहा विशाल जग गया। जिसे देख हमलावरों ने उसे भी मारने की धमकी देते

हुए फरार हो गए। इसके बाद किसी तरह से विशाल ने शोर मचाया तो घर के और लोग भी आ गए। परिजन घायल पवन को अस्पताल ले जाने की कोशिश कर रहे थे कि उसी बीच पवन ने दम तोड़ दिया। आनन-फानन में पुलिस को सूचना मिली।

मौके पर पहुंची पुलिस ने मृतक के परिजनों की तहरीर के आधार पर कैलाश व राम कुमार के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया। उधर पुलिस के डर से आरोपी खुद थाने पहुंच गए और अपने को सरेण्डर कर दिया। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई कर रही है। मृतक के पिता रमाकांत के अनुसार उनके पड़ोसी कैलाश व रामकुमार ग्राम प्रधान इरफान उर्फ फना के साथ काम करते थे।

कुछ दिन पहले प्रधान ने दोनों को हटा दिया था। उसके बाद उनका बेटा पवन ग्राम प्रधान का काम देखने लगा था, जिससे कैलाश व रामकुमार नाराज थे। दोनों ने ग्राम प्रधान का काम करने से मना किया था, पर उनका लड़का नहीं माना। जिसके चलते कैलाश व रामकुमार ने उनके बेटे की हत्या कर दी।