…तो इसलिए धोनी को नहीं लिया टीम में

  • टी-20 मैच में ऋषभ पंत के साथ खड़े हुए कप्तान कोहली
  • विश्वकप के संयोजन के लिए टीम पर कर रहे हैं प्रयोग

नई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम के नए रन मशीन और कप्तान विराट कोहली ने कहा कि महेंद्र सिंह धोनी वनडे टीम का अहम हिस्सा बने रहेंगे और इस अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज ने युवा ऋषभ पंत के लिए जगह बनाने के मद्देनजर आगामी टी20 में नहीं खेलने का फैसला किया है। पहली बात तो यह कि उनसे बात हो चुकी है। मुझे लगता है कि चयनकर्ता पहले ही इसे स्पष्ट कर चुके हैं। इसलिए मुझे कोई कारण नहीं दिखता कि मुझे यहां बैठकर यह सब समझाना चाहिए। मुझे लगता है कि जो कुछ हुआ था, चयनकर्ता वो सब कुछ बता चुके हैं। उन्होंने कहा कि मैं इस बातचीत का हिस्सा नहीं था इसलिए चयनकर्ताओं ने जो बताया, वैसा ही हुआ था।

कोहली पांचवें वनडे में वेस्टइंडीज के नौ विकेट से हारने और भारत के सीरीज जीतने के बाद हुई प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोल रहे थे। उनसे धोनी को ऑस्ट्रेलिया और वेस्टइंडीज के खिलाफ टी-20 सीरीज की टीम में नहीं चुने जाने के बारे में पूछा गया था। वेस्टइंडीज के खिलाफ भारत में 4 नवंबर से और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ऑस्ट्रेलिया में ही 21 नवंबर से टी-20 सीरीज खेली जाएगी। दोनों सीरीज के लिए बतौर विकेटकीपर ऋषभ पंत चुने गए हैं। ऐसा पहली बार हुआ है कि धोनी को एकसाथ दो सीरीज के लिए नहीं चुना गया है।

वह कहते हैं कि मुझे लगता है कि लोग इस पर ज्यादा ही सोच विचार कर रहे हैं, जबकि ऐसा कुछ भी नहीं है, मैं यह आश्वस्त कर सकता हूं। वह अब भी इस टीम का अहम हिस्सा हैं और मुझे लगता है कि टी20 प्रारूप में ऋषभ जैसे खिलाड़ी को और मौका दिया जाना चाहिए।  धोनी को वेस्टइंडीज और ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ आगामी टी20 श्रृंखला की टीम में शामिल नहीं किया गया है और ऐसी भी संभावना है कि वह भारत के लिए खेल के इस छोटे प्रारूप में कभी नहीं खेलें।

मास्टर ब्लास्टर ने कहा कि वह नियमित तौर पर वनडे में हमारे लिए खेलते हैं इसलिए अगर देखा जाए तो वह युवाओं को मदद करने की ही कोशिश कर रहे हैं और ऐसा कुछ नहीं है जैसा कि लोग सोच रहे हैं और मैं बतौर कप्तान निश्चित रूप से आपको आश्वस्त कर सकता हूं। वेस्टइंडीज श्रृंखला में अम्बाती रायुडू और युवा गेंदबाज खलील अहमद के प्रदर्शन से खुश कोहली से जब इंग्लैंड में अगले साल होने वाले विश्व कप से पहले टीम की चिंताओं के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि मैदान पर लगातार प्रयत्न करते रहना अहम है।

 

उन्होंने कहा कि अभ्यास सत्र में खिलाड़ियों से बात की कि क्षेत्ररक्षण में सुधार के लिए अतिरिक्त प्रयास करने चाहिए और वे अतिरिक्त प्रयास कर रहे हैं। कोहली ने कहा- हमें लगता है कि हम इस विभाग में सुधार कर सकते हैं। निश्चित रूप से बल्लेबाजी और गेंदबाजी दो अहम पहलू हैं। क्षेत्ररक्षण ऐसी चीज है जिस पर नियंत्रण किया जा सकता है और मैदान पर आपको इन सभी 11 खिलाड़ियों से इसकी जरूरत होती है। उन्होंने कहा कि अगर हम मैदान पर बतौर क्षेत्ररक्षण टीम निरंतर हो सकते हैं तो इससे हमारे सभी विभागों में और निरंतरता आ जायेगी। मैदान में हम अब भी काफी सुधार कर सकते हैं।

रविंद्र जडेजा की वापसी के बारे में पूछने पर कि क्या वह आल राउंडर स्थान के लिये दौड़ में सबसे आगे हैं तो कोहली ने कहा कि सौराष्ट्र के इस खिलाड़ी ने एशिया कप में वापसी के बाद से अच्छा प्रदर्शन किया है। उन्होंने कहा कि यह निर्भर करता है। जब हार्दिक फिट होकर खेलने के लिये सही हो जाता है तो आपको देखना होगा कि विश्व कप में आप किस संयोजन के साथ जाना चाहोगे। अगर हार्दिक फिट होता है तो केदार भी स्पिन विकल्प बन सकता है। हार्दिक के फिट होने से आपको चार सीमर के विकल्प भी मिलते हैं जिसमें केदार और एक और स्पिनर हो सकता है। आपको एक और स्पिन विकल्प की जरूरत हो सकती है। टीम संतुलन में जडेजा भी अहम बन सकते हैं।

ये धोनी के करियर का अंत नहीं

मुख्य चयनकर्ता एमएसके प्रसाद ने ऑस्ट्रेलिया और वेस्टइंडीज के खिलाफ टी-20 सीरीज चुने जाने के बाद साफ किया था कि इसे धोनी के टी-20 करियर का अंत नहीं माना जाए। टीम मैनेजमेंट विकेटकीपिंग के लिए मौजूद विकल्पों को मजबूत करना चाहता है। इसी वजह से छह टी-20 के लिए ऋषभ पंत और दिनेश कार्तिक को चुना गया है।

गौरतलब है कि महेंद्र सिंह धोनी का बल्ले के साथ हाल का फॉर्म अच्छा नहीं रहा है। इसलिए चयनकर्ताओं ने उन्हें विश्व कप तैयारियों व वनडे पर ध्यान केंद्रित करने के लिए टीम से बाहर रखा है। इसके साथ ही मुख्य चयनकर्ता व बीसीसीआई अधिकारियों ने भी साफ कर दिया था कि अगले टी20 विश्व कप तक धोनी शायद ही इस प्रारूप को खेलेंगे, ऐसे में रिषभ पंत और दिनेश कार्तिक में से किसी एक विकेटकीपर को चुनना अहम है।