महानिदेशक रेलवे ने कोटपा अधिनियम 2003 की धाराओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी

लखनऊ। मुख्य चिकित्साधिकारी डा. जी.एस. बाजपेयी ने बताया कि राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम के अन्तर्गत रेलवे पुलिस लाइन पान दरिबा, लखनऊ में महानिदेशक रेलवे की उपस्थिति में अधिकारियों पुलिस कर्मियों को कोटपा अधिनियम 2003 की धाराओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी। एवं तम्बाकू के कुप्रभावों के बारे मे भी जागरूक किया। महानिदेशक ने निदेश दिये कि रेलवे के स्टेशनों पर तम्बाकू धूम्रपान करने पर प्रतिबन्ध लगाया जाये तथा उन्हे तम्बाकू मुक्त घोशित किया जाये।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में तैनात सलाहकार डा0मयंक चैधरी ने कोटपा अधिनियम 2003 की धाराओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी जिसमें अधिनियम की धारा.4 के अन्तर्गत सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान न करना धारा.5 के अन्तर्गत सिगरेट और तम्बाकू उत्पादों का प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष प्रचार धारा.6ए के अन्तर्गत 18 वर्ष से कम आयु के व्यक्ति को सिगरेट व तम्बाकू उत्पाद की विक्री पर रो, धारा.7 के अन्तर्गत बिना चित्रमय चेतावनी प्रदर्शन वाली सिंगरेट की बिक्री एवं खुली सिगरेट की बिक्री पर प्रतिबन्ध शामिल है। उन्होने बताया कि पुलिस विभाग के सहयोग से ही जनपद में उक्त धाराओं का अनुपालन सुनिश्चित किया जा सकता है। उन्होने बताया कि जनपद लखनऊ में अब तक कोटपा 2003 का उल्लघ्रंन करने वालीे से लगभग 32 लाख का जुर्माना वसूल किया जा चुका है जो कि उत्तर प्रदेश मे सर्वाधिक है। उन्होने बताया कि तम्बाकू के सेवन से अधिंकाश लोगों को कैंसर होने की सम्भावना बनी रहती है।