महेशपुर बड़ी भंसार के राजस्व में आई कमी, अधिकारी चिंतित

  • उक्त भन्सार को वित्तीय वर्ष में संकलन करना होगा करीब एक अरब के राजस्व संकलन
  • सड़क सहित संसाधनों की कमी का हवाला दे रहे अधिकारी

जीतेन्द्र गुप्ता/अरुण वर्मा

महेशपुर/नवलपरासी(नेपाल)। नवलपरासी के महेशपुर छोटी भन्सार को बड़ी भन्सार के रूप में मान्यता मिलने के बाद प्रारम्भिक महीने में एक करोड़ का राजश्व संकलन किया गया था। जिसको देखते हुए मंत्रालय ने उक्त मूल भन्सार को एक वित्तीय वर्ष में करीब एक अरब राजश्व संकलन का लक्ष्य दिया है। जिसको लेकर अधिकारी अब चिन्तित दिख रहे है। अधिकारियों का कहना है कि संशाधनों व सड़क अभाव के कारण व्यापारी इस रूट से काम करने में उतनी रुचि नही ले रहे। जबकि उन्हें हर प्रकार की सुविधाओं का भरोसा दिया जा रहा है।

मिली जानकारी के महेशपुर छोटी भन्सार को बड़ी भन्सार का मूर्त रूप दे दिया गया। जिसका उद्घाटन नेपाल के वित्तमंत्री युवराज खतिवड़ा द्वारा किया गया। बताते चलें कि मूल भन्सार में 17 कमर्चारी कार्यरत है। अक्टूबर माह में 99 लाख 43 हजार 7 सौ 64 रुपये  राजस्व संकलन हुआ था। वही नवम्बर माह में 41 लाख 90 हजार एक सौ 37 रुपये जबकि दिसम्बर माह में 60 लाख 90 हजार एक सौ पैतीस रुपये मात्र राजस्व संकलन हुआ। संशाधनों व सड़क के अभाव के कारण व्यापारियों का झुकाव इस रूट पर नही हो पा रहा जिसके कारण लगातार राजश्व गिरता जा रहा है। लेकिन  महेशपुर भन्सार में व्यापारियों द्वारा अरुचि होने से पुनःभैरहवा भन्सार का रुख कर रहे है। जिससे राजस्व में लगातार गिरावट होने से अधिकारी चिंतित है।

इस बाबत भंसार अधीक्षक हेमराज शर्मा ने बताया कि सड़क व संशाधनों के अभाव में व्यापारी इस रूट पर आने से कतरा रहे है जबकि इस रूट पर आने ले लिए व्यापारियों को संभवतः सभी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है।